Sunday, February 19, 2012

रविवार और छुट्टी का दिन

रविवार का दिन मिला-जुला ही रहा।घर में  छोटे-मोटे काम करवाया। बच्चों से बातचीत हुई।खाना बाहर से ही मँगाया। क्या करूँ घर में रसोई गैस ही नहीं है।
छुट्टी के दिन किचन में कुछ काम करने से  समय ही कटता है। मगर आज यह भी न हो सका।
एक अधूरी कहानी को पूरा करनी की कोशिश की।मगर अभी उसमें कुछ और समय देने की दरकार है।
समय निकला तो रात में एकबार फिर बठूँगा।